
आईटीडीपी भवन में जिला स्तरीय समिति की मैराथन बैठक; मंत्री बोले— ‘फाइलें लटकाईं तो नपेंगे अधिकारी’
IBEX NEWS BUREAU,शिमला
शिमला, 9 जून: आम जनता की समस्याओं के त्वरित और स्थाई समाधान के लिए सरकार ने प्रशासनिक कसावट तेज कर दी है। इसी कड़ी में आज आईटीडीपी (ITDP) भवन में आयोजित जिला स्तरीय जन शिकायत निवारण समिति की एक अहम बैठक की अध्यक्षता करते हुए राजस्व मंत्री ने कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने दो टूक शब्दों में कहा कि जनहित के कार्यों में किसी भी स्तर पर ढिलाई या टालमटोल बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
बैठक में बिजली, पानी, सड़क, स्वास्थ्य और विशेष रूप से राजस्व मामलों से जुड़ी दर्जनों शिकायतें टेबल पर आईं। मंत्री ने एक-एक शिकायत की गहन समीक्षा की और कई संवेदनशील मामलों का मौके पर ही निपटारा कर पीड़ित पक्षों को फौरी राहत प्रदान की।
समय-सीमा तय, लापरवाही पर होगी कार्रवाई
लंबित पड़े मामलों पर नाराजगी जताते हुए राजस्व मंत्री ने विभिन्न विभागों के विभागाध्यक्षों और प्रशासनिक अधिकारियों को सख्त हिदायत दी। उन्होंने कहा:सरकारी दफ्तरों के चक्कर काट-काटकर परेशान होने वाले आम नागरिक की उम्मीदें इस समिति से जुड़ी हैं। यदि किसी अधिकारी ने बिना ठोस कारण के जन शिकायत की फाइल को रोके रखा, तो उसके खिलाफ सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। हर शिकायत के निवारण के लिए एक निश्चित टाइमलाइन तय की जाए।”बैठक के दौरान राजस्व मंत्री ने प्रशासनिक व्यवस्था को और अधिक पारदर्शी बनाने के लिए तीन मुख्य बिंदुओं पर जोर दिया:
जिला प्रशासन अब हर महीने शिकायतों के निपटारे की प्रगति रिपोर्ट सीधे मंत्रालय को भेजेगा।शिकायतों की मॉनिटरिंग के लिए ऑनलाइन पोर्टल के बेहतर इस्तेमाल के निर्देश दिए गए, ताकि जनता भी अपनी शिकायत का स्टेटस देख सके। अधिकारियों को केवल कागजी कार्रवाई के बजाय धरातल पर जाकर समस्या के समाधान की पुष्टि करने को कहा गया है।
इस उच्च स्तरीय बैठक में जिला कलेक्टर सहित सभी प्रमुख विभागों के वरिष्ठ अधिकारी और समिति के गैर-सरकारी सदस्य मौजूद रहे। बैठक के बाद स्थानीय नागरिकों ने सरकार के इस संवेदनशीलता और जवाबदेही से भरे कदम की सराहना की है।




