
शिमला हत्याकांड में बड़ा खुलासा: प्रॉपर्टी विवाद बना कत्ल की वजह, रोहतक से हिमांक मित्तल गिरफ्तार
IBEX NEWS BUREAU,शिमला। सरस्वती पैराडाइज स्कूल के समीप हुई चर्चित मनीषा मित्तल हत्याकांड की जांच में बड़ा खुलासा हुआ है। पुलिस जांच के दौरान सामने आया है कि घटना से कुछ दिन पहले मनीषा मित्तल के भाई हिमांक मित्तल ने अपने सहयोगी गोविंद के खाते में 8.5 लाख रुपये ट्रांसफर किए थे। जांच में जुटाए गए साक्ष्यों और तकनीकी विश्लेषण के आधार पर पुलिस ने पाया कि हिमांक मित्तल ही इस सनसनीखेज हत्याकांड का मुख्य साजिशकर्ता (मास्टरमाइंड) था।
पुलिस के अनुसार हिमांक ने अपने पार्टनर गोविंद के साथ मिलकर शूटर दीपक और आशीष अहलावत को हत्या की सुपारी दी थी। दोनों आरोपियों को वारदात को अंजाम देने के लिए नियुक्त किया गया और योजनाबद्ध तरीके से 13 जून को मनीषा मित्तल की गोली मारकर हत्या कर दी गई।
जांच में यह भी सामने आया कि मृतका का अपने भाई हिमांक मित्तल और उसके पार्टनर गोविंद के साथ लंबे समय से संपत्ति विवाद चल रहा था। इसी विवाद के चलते हत्या की साजिश रची गई।
पुलिस ने पहले ही दोनों शूटरों दीपक और आशीष अहलावत को रोहतक से गिरफ्तार कर हत्या में इस्तेमाल की गई पिस्तौलें बरामद कर ली थीं। इसके बाद फरार चल रहे गोविंद को 28 जून को रोहतक से गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में गोविंद ने हत्या करवाने की बात स्वीकार की।
मामले में मिले नए साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने 29 जून को हिमांक मित्तल (33) निवासी रोहतक, हरियाणा को भी गिरफ्तार कर लिया। पुलिस का दावा है कि हिमांक ने ही पूरे हत्याकांड की साजिश रची और गोविंद के माध्यम से शूटरों को नियुक्त कर हत्या को अंजाम दिलवाया।


जिला शिमला पुलिस ने कहा कि लगातार तकनीकी जांच, डिजिटल साक्ष्यों और अंतरराज्यीय कार्रवाई के जरिए इस हाई-प्रोफाइल हत्याकांड का सफलतापूर्वक खुलासा किया गया है। मामले में शामिल सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है और आगे की जांच जारी है।


