
‘सरकार गांव के द्वार’ कार्यक्रम में राजस्व एवं बागवानी मंत्री ने गिनाईं सरकार की उपलब्धियां, लोगों की शिकायतें सुनकर अधिकारियों को दिए त्वरित समाधान के निर्देश
IBEX NEWS BUREAU,शिमला
राजस्व, बागवानी, जनजातीय विकास एवं जन-शिकायत निवारण मंत्री जगत सिंह नेगी ने कहा कि हिमाचल में यूनिवर्सल कार्टन व्यवस्था लागू करना कांग्रेस सरकार का ऐतिहासिक फैसला है, जिससे छोटे और सीमांत बागवानों को व्यापारियों के शोषण से राहत मिली है। उन्होंने आरोप लगाया कि पहले टेलीस्कोपिक कार्टन प्रणाली का सबसे अधिक आर्थिक लाभ बड़े सेब व्यापारियों को मिल रहा था।
रिकांगपिओ के महात्मा गांधी पार्क में आयोजित ‘सरकार गांव के द्वार’ कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए मंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार का उद्देश्य सरकारी योजनाओं और सेवाओं को सीधे गांव स्तर तक पहुंचाना तथा लोगों की समस्याओं का मौके पर समाधान सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि सरकार पारदर्शी और जवाबदेह प्रशासन देने के लिए लगातार कार्य कर रही है।
जनसभा को संबोधित करते हुए जगत सिंह नेगी ने कहा कि मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू के नेतृत्व में सरकार ने पहली ही कैबिनेट बैठक में पुरानी पेंशन योजना (OPS) बहाल कर लगभग 1.36 लाख कर्मचारियों को लाभ पहुंचाया। उन्होंने कहा कि वन अधिकार अधिनियम के तहत जनजातीय और दूरदराज क्षेत्रों के पात्र लोगों को भू-पट्टे देकर मालिकाना हक प्रदान किया जा रहा है, जिससे वंचित वर्गों का सामाजिक और आर्थिक सशक्तिकरण हो रहा है।
मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने सीमित संसाधनों के बावजूद आपदा राहत मैन्युअल में बड़े बदलाव किए हैं। अब पूरी तरह क्षतिग्रस्त मकानों के लिए राहत राशि 1.30 लाख रुपये से बढ़ाकर 8 लाख रुपये तथा आंशिक क्षति पर मिलने वाली सहायता 6 हजार रुपये से बढ़ाकर 1 लाख रुपये कर दी गई है।
उन्होंने बताया कि प्रदेश सरकार सरकारी स्कूलों में पहली कक्षा से अंग्रेजी माध्यम में शिक्षा उपलब्ध करा रही है। किन्नौर के निचार, सांगला, रिकांगपिओ, पूह और कानम के सरकारी विद्यालयों में सीबीएसई पैटर्न लागू करने की दिशा में भी कार्य किया जा रहा है, ताकि ग्रामीण और आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल सके।
नशा मुक्त हिमाचल अभियान का उल्लेख करते हुए मंत्री ने कहा कि प्रदेश को चिट्टा मुक्त बनाने के लिए पुलिस के खुफिया तंत्र को मजबूत किया जा रहा है। उन्होंने पंचायत प्रतिनिधियों, शिक्षकों, अभिभावकों और सामाजिक संगठनों से इस अभियान में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया।
कार्यक्रम के दौरान जगत सिंह नेगी ने लोगों की शिकायतें सुनीं और संबंधित विभागों के अधिकारियों को उनके त्वरित समाधान के निर्देश दिए। उन्होंने अन्य लंबित मामलों के भी चरणबद्ध निस्तारण का आश्वासन दिया। इस अवसर पर विभिन्न विभागों द्वारा लगाई गई जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रदर्शनियों का अवलोकन भी किया।
कार्यक्रम में स्वास्थ्य एवं आयुष विभाग की ओर से मेगा स्वास्थ्य शिविर भी लगाया गया, जहां लोगों की निःशुल्क स्वास्थ्य जांच की गई तथा दवाइयों का वितरण किया गया। बड़ी संख्या में वरिष्ठ नागरिकों ने इस शिविर का लाभ उठाया।
इस अवसर पर उपायुक्त डॉ. अमित कुमार शर्मा, पुलिस अधीक्षक सुशील कुमार शर्मा, सहायक आयुक्त विपिन कुमार, राज्य सहकारी बैंक के निदेशक विक्रम सिंह नेगी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग उपस्थित रहे।


