
IBEX NEWS,शिमला, 10 मार्च 2026:
राजस्व, बागवानी एवं जनजातीय विकास मंत्री जगत सिंह नेगी ने कुमारसैन और कोटगढ़ क्षेत्र के दशकों पुराने भूमि विवादों को सुलझाने के लिए कड़ा रुख अपना लिया है। सोमवार को शिमला में राजस्व अधिकारियों के साथ आयोजित एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक में मंत्री ने क्षेत्र की भूमि संबंधी जटिलताओं पर विस्तार से चर्चा की और अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश जारी किए।
आधा दशक से अटके हैं मामले
बैठक के दौरान मंत्री ने इस बात पर गहरी चिंता व्यक्त की कि कुमारसैन और कोटगढ़ क्षेत्र में विभिन्न योजनाओं के तहत लोगों को भूमि पट्टे जारी हुए 50 वर्ष से अधिक का समय बीत चुका है, लेकिन आज भी अधिकांश मामलों में राजस्व रिकॉर्ड में ‘इंतकाल’ (Mutation) दर्ज नहीं हो पाया है। उन्होंने कहा कि कई ऐसे गंभीर मामले भी सामने आए हैं जहाँ पात्र लोगों ने सरकार द्वारा निर्धारित ‘नज़राना’ भी जमा कर दिया है, लेकिन तकनीकी और प्रशासनिक ढिलाई के कारण उन्हें अब तक पट्टे आवंटित नहीं किए गए हैं।
एक माह के भीतर रिपोर्ट तलब
जनता की शिकायतों का कड़ा संज्ञान लेते हुए जगत सिंह नेगी ने राजस्व विभाग के अधिकारियों को कुमारसैन और कोटगढ़ के सभी लंबित मामलों का तत्काल निपटारा करने के आदेश दिए हैं। उन्होंने दो टूक कहा कि इस संबंध में की गई कार्रवाई की विस्तृत रिपोर्ट एक महीने के भीतर उनके समक्ष प्रस्तुत की जाए।
प्रतिनिधिमंडल ने जताया आभार
बैठक के उपरांत कोटगढ़ और कुमारसैन क्षेत्र से आए एक विशेष प्रतिनिधिमंडल ने राजस्व मंत्री से भेंट की। स्थानीय निवासियों ने उनकी दशकों पुरानी समस्याओं को प्राथमिकता देने और त्वरित समाधान के निर्देश देने के लिए मंत्री महोदय का आभार व्यक्त किया। क्षेत्र के लोगों का कहना है कि इस कदम से सैकड़ों परिवारों को अपनी भूमि पर मालिकाना हक का कानूनी अधिकार मिल सकेगा।




