
IBEX NEWS,शिमला/रिकांगपिओ 12 दिसंबर 2025
कृषि विज्ञान केंद्र रिकांगपिओ में आज यहां वैज्ञानिक सलाहकार समिति की समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसकी वर्चुअल माध्यम से डॉ यशवंत सिंह परमार औद्योनिकी एवं वानिकी विश्वविद्यालय नौणी के उप कुलपति डा राजेश्वर चंदेल ने अध्यक्षता की।
बैठक में जनजातीय जिला किन्नौर में किसानों एवं बागवानों की आर्थिकी को मजबूत करने के लिए उद्यान विभाग द्वारा सीडलिंग आधारित स्वदेशी किस्मों को सरकारी नर्सरी में बढ़ावा देने पर बल ताकि जलवायु परिवर्तन के दौर में कृषि प्रयोगशालों का ज्ञान स्थानीय समुदायों तक पहुंचे और उनके जीवन स्तर में सुधार संभव हो सके।


उद्यान अनुसंधान एवं प्रशिक्षण संस्थान शारबो के वैज्ञानिक डॉ प्रमोद कुमार ने बैठक का संचालन किया और बताया कि उनका संस्थान समय-समय पर पंचायत स्तर पर प्रसार सेवाओं के माध्यम से जागरूकता शिविर आयोजित करता है जिसमें प्रूनिंग का प्रशिक्षण, कीट प्रबंधन, जैविक खाद, स्प्रे शेड्यूल व वैश्विक प्रतिस्पर्धा के युग में नवीनतम तकनीकों व विपणन पर जानकारी दी जाती है ताकि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाया जा सके।
उन्होंने बताया कि जिला के सीमावर्ती क्षेत्रों में महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा दिया जा रहा है और महिला बागवानों को सेब के बगीचों के रखरखाव पर जागरूक किया जा रहा है।
नौणी विश्वविद्यालय के प्रसार सेवाओं के निदेशक डॉ इंद्र देव ने वर्चुअल माध्यम से उपस्थित किसानों एवं बागवानों के संशय दूर किए और विभाग के अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए।


इस अवसर पर आधुनिक उपकरणों, नवीनतम तकनीक एवं वित्तीय अनुदान सहायता पर प्रचार प्रसार सामग्री की प्रदर्शनी भी लगाई गई ताकि स्थानीय किसानों को वर्तमान राज्य सरकार द्वारा चलाई जा रही बागवान हितैषी योजनाओं के संदर्भ में जागरूक किया जा सके।
बैठक में उप मंडल अधिकारी कल्पा अमित कल्थाईक, उप निदेशक उद्यान डॉ भूपेंद्र सिंह नेगी, जिला कृषि अधिकारी डॉ राजेश धीमान, महाप्रबंधक जिला उद्योग केंद्र गुरु लाल नेगी, कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक, प्रगतिशील किसान एवं विभिन्न बैंकों के कर्मचारी उपस्थित थे।




