
IBEX NEWS BUREAU , शिमला हिमाचल प्रदेश में पंचायती राज संस्थाओं के सामान्य निर्वाचन में इस बार लोकतंत्र का एक सकारात्मक स्वरूप देखने को मिला है। राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, नामांकन वापसी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद प्रदेश भर में कुल 10,854 पदाधिकारी निर्विरोध निर्वाचित घोषित किए गए हैं। निर्वाचन आयोग ने स्पष्ट किया है कि इन सीटों पर अब मतदान की आवश्यकता नहीं होगी।दुर्गम जिलों की बात करें तो किन्नौर में 22 प्रधान और लाहौल-स्पीति में 06 प्रधान निर्विरोध चुने गए हैं। किन्नौर की 18 ग्राम पंचायतें ऐसी हैं जहाँ पूरी पंचायत का चुनाव सर्वसम्मति से संपन्न हुआ।
आयोग द्वारा जारी आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, विभिन्न श्रेणियों में निर्विरोध चुने गए प्रतिनिधियों का विवरण इस प्रकार है:
• BDC सदस्य: 85
• पंचायत प्रधान: 176
• उप-प्रधान: 286
• वार्ड सदस्य: 10,307
• पूर्णतः निर्विरोध पंचायतें: 131
जिलावार प्रदर्शन: शिमला जिला अव्वल
आंकड़ों का जिलावार विश्लेषण करें तो शिमला जिले में सबसे अधिक राजनीतिक तालमेल देखा गया। यहाँ सर्वाधिक 51 प्रधान और 87 उप-प्रधान निर्विरोध चुने गए हैं। इसके बाद सिरमौर का स्थान रहा, जहाँ 32 प्रधान और 71 उप-प्रधान निर्विरोध निर्वाचित हुए।
निर्वाचन कार्यक्रम की अगली रूपरेखा
राज्य निर्वाचन सचिव सुरजीत सिंह राठौर ने बताया कि 15 मई को नामांकन पत्रों की वापसी के बाद शेष सीटों के लिए चुनाव लड़ने वाले अभ्यर्थियों को चुनाव चिन्ह आवंटित कर दिए गए हैं। जिन 10,854 पदों पर निर्विरोध निर्वाचन हुआ है, वहां सामुदायिक एकता की जीत हुई है। प्रशासन अब आगामी मतदान की तैयारियों को अंतिम रूप देने में जुट गया है।




