
आपदा की घड़ी में राजनीति नहीं, सहयोग की जरूरत है; खुशाल ठाकुर अध्यक्ष, ब्लॉक कांग्रेस कमेटी, उदयपुर l
नेता अपनी राजनीति चमका रहे हैं, लेकिन अगर किसानों की फसल सही समय पर मंडी और गंतव्य तक नहीं पहुँची, तो इस बार की खून-पसीने की मेहनत भी पानी में बह जाएगी ।जहालमा नाले में उफान और पुल टूटने के बाद आज लाहौल-स्पीति का किसान अपनी पीठ पर मटर और सब्जियों की बोरियाँ लादकर, उफनती नदी पर बिछे लकड़ी के अस्थायी पटरे से होकर निकलने को मजबूर है।
उदयपुर–पांगी मार्ग बंद होने से दोनों ओर फंसे सैकड़ों वाहन; आज हल्के और कल से भारी वाहनों की आवाजाही शुरू कराने की तैयारी, स्थायी समाधान की उठाई मांग
IBEX NEWS BUREAU , 21 जुलाई। जहालमा नाला में आई अचानक बाढ़ से बाधित उदयपुर–पांगी मार्ग को बहाल करने के लिए सीमा सड़क संगठन (BRO) युद्धस्तर पर काम कर रहा है। पूर्व विधायक एवं भाजपा प्रदेश कार्यसमिति सदस्य रवि ठाकुर ने बताया कि मार्ग के दोनों ओर बड़ी संख्या में छोटे और भारी वाहन फंसे हुए हैं। उन्होंने कहा कि इस संबंध में उनकी BRO अधिकारियों से लगातार बातचीत हो रही है और सड़क को जल्द से जल्द यातायात के लिए खोलने के प्रयास किए जा रहे हैं।
रवि ठाकुर ने बताया कि बाढ़ के दौरान BRO के अतिरिक्त पाइप भी बह गए, जबकि मशीनरी और भारी क्रेन को घटनास्थल तक पहुंचाने में भी भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। इसके बावजूद BRO की टीमें लगातार बहाली कार्य में जुटी हुई हैं। अधिकारियों के अनुसार मंगलवार को हल्के वाहनों की आवाजाही शुरू कराने का प्रयास किया जाएगा, जबकि बुधवार से भारी वाहनों के लिए भी मार्ग बहाल करने की योजना है। यदि मौसम अनुकूल रहा तो शुक्रवार तक पुल को पूरी तरह सुचारू कर दिया जाएगा।
उन्होंने क्षेत्रवासियों से धैर्य बनाए रखने और BRO का सहयोग करने की अपील करते हुए कहा कि प्राकृतिक आपदाओं के दौरान BRO हमेशा लाहौल-स्पीति की जीवनरेखा बनकर सामने आया है और विषम परिस्थितियों में भी संपर्क बहाल करने का काम करता रहा है।
इस दौरान रवि ठाकुर ने प्रदेश सरकार की कार्यशैली पर भी सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि जहालमा नाला में अस्थायी फुटब्रिज बनाने का आश्वासन दिया गया था, लेकिन अब तक इस दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। उन्होंने कहा कि मायाड़ घाटी के विकास के लिए पहले लगभग पांच करोड़ और बाद में सात करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए, लेकिन धरातल पर कार्य केवल छोटी-छोटी पुलियों तक ही सीमित रहा।
खराब मौसम और दलदल भरे मलबे को पार करते हुए टीम ने बच्चे को सुरक्षित निकाला और वक्त रहते अस्पताल पहुँचाया।
पूर्व विधायक ने कहा कि जहालमा नाला में हर वर्ष बाढ़ आने से उदयपुर–पांगी मार्ग बाधित हो जाता है, जिससे स्थानीय लोगों, पर्यटकों और आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति पर गंभीर असर पड़ता है। उन्होंने सरकार से मांग की कि क्षेत्र की इस पुरानी समस्या का अस्थायी नहीं बल्कि स्थायी समाधान किया जाए, ताकि भविष्य में लोगों को बार-बार ऐसी परेशानियों का सामना न करना पड़े।
आपदा की घड़ी में राजनीति नहीं, सहयोग की जरूरत है; खुशाल ठाकुर अध्यक्ष, ब्लॉक कांग्रेस कमेटी, उदयपुर l- पूर्व विधायक के बयानों और आरोपों का खंडन करते हुए खुशाल ठाकुर ने कहा कि यह कहना पूरी तरह अनुचित होगा कि लोक निर्माण विभाग प्रयास नहीं कर रहा। विभाग के अधिकारी और कर्मचारी लगातार मौके पर सक्रिय हैं।
जहालमा नाले में आई भीषण बाढ़ से पुल बह जाने के बाद राहत एवं पुनर्निर्माण कार्य लगातार जारी है। सबसे पहले BRO द्वारा नए एबटमेंट (Abutment) का निर्माण किया गया, ताकि आगे मुख्य पुल निर्माण का कार्य शुरू किया जा सके।स्थानीय लोगों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए हिमाचल प्रदेश लोक निर्माण विभाग (HPPWD) ने अस्थायी फुट ब्रिज बनाने की पूरी तैयारी कर ली थी। माननीय विधायक Anuradha Rana के निर्देश पर मात्र तीन दिनों के भीतर निर्माण सामग्री, मशीनरी एवं मजदूर जहालमा नाले में पहुंच गए थे। मैंने इसके संबंध में एक वीडियो भी साझा किया है, जिसे देखकर स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है कि फुट ब्रिज निर्माण का लगभग पूरा सामान मौके पर पहुंच चुका था। लेकिन BRO से आवश्यक NOC न मिलने के कारण कार्य शुरू नहीं किया जा सका।यह कहना बिल्कुल उचित नहीं होगा कि लोक निर्माण विभाग कोई प्रयास नहीं कर रहा। लोक निर्माण विभाग लगातार मौके पर सक्रिय है, अधिकारियों और कर्मचारियों ने हर संभव तैयारी पूरी कर रखी है। ऐसे समय में बिना तथ्यों के विभाग या उसके अधिकारियों को दोष देना गलत है।यदि BRO की ओर से आवश्यक NOC मिल जाती है, तो लोक निर्माण विभाग मात्र 3 दिनों के भीतर अस्थायी फुट ब्रिज तैयार करने की क्षमता रखता है। विभाग पूरी तरह तैयार है और अनुमति मिलते ही युद्ध स्तर पर कार्य शुरू कर दिया जाएगा।BRO अधिकारियों का भी उद्देश्य जल्द से जल्द मुख्य पुल का निर्माण करना है, लेकिन लगातार खराब मौसम और भारी बारिश के कारण कार्य प्रभावित हुआ। यदि मौसम अनुकूल रहता तो मुख्य पुल निर्माण का कार्य अब तक काफी आगे बढ़ चुका होता।जनता से विनम्र अपील है कि इस संवेदनशील विषय पर राजनीति करने के बजाय वास्तविक स्थिति को समझें। आपदा की इस घड़ी में सभी विभाग मिलकर कार्य कर रहे हैं। बिना प्रमाण किसी जनप्रतिनिधि, अधिकारी या विभाग पर आरोप लगाना उचित नहीं है।आइए, सहयोग करें, संयम रखें और पुनर्निर्माण कार्य में लगे सभी अधिकारियों, कर्मचारियों एवं एजेंसियों का मनोबल बढ़ाएं।
खुशाल ठाकुर
अध्यक्ष, ब्लॉक कांग्रेस कमेटी, उदयपुर l
IBEX NEWS BUREAU,21 जुलाई। लाहौल-स्पीति में मानसून के दौरान सामान्य से अधिक वर्षा की संभावना को देखते हुए जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है। मंगलवार को उपायुक्त कार्यालय के सम्मेलन कक्ष में आयोजित जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की समीक्षा बैठक में उपायुक्त किरण भड़ाना ने सभी विभागों को संभावित आपदा और आपात स्थितियों से निपटने के लिए पर्याप्त मशीनरी, उपकरण, राहत सामग्री और जीवन रक्षक दवाओं का अग्रिम प्रबंध सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
उपायुक्त ने पिछली बैठक में दिए गए निर्देशों की प्रगति की समीक्षा करते हुए कहा कि मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार इस वर्ष जिले में सामान्य से अधिक वर्षा होने की संभावना है। ऐसे में सभी विभाग समय रहते अपनी तैयारियां पूरी करें ताकि किसी भी प्राकृतिक आपदा की स्थिति में त्वरित और प्रभावी कार्रवाई की जा सके।



