
नशा तस्करी नेटवर्क के बैकवर्ड लिंक स्थापित करते हुए शिमला पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए एक और आरोपी शुभम डारकाल (24 वर्ष), निवासी चिरगांव को 30 मार्च 2026 को गिरफ्तार किया है। जांच में खुलासा हुआ है कि आरोपी का मुख्य सप्लायर हरदीप सिंह के साथ करीब ₹10 लाख का लेन-देन रहा है, जबकि मुख्य आरोपी जशनदीप से भी उसके वित्तीय संबंध पाए गए हैं, जिससे इस संगठित नेटवर्क में उसकी संलिप्तता स्पष्ट हो गई है।
दीगर हो कि 02 फरवरी 2026 को थाना चिरगांव में ND&PS Act की धाराओं के तहत 83 ग्राम चिट्टा (हेरोइन) और ₹45,000 नकद बरामद होने के बाद अभियोग दर्ज किया गया था। प्रारंभिक कार्रवाई में दो आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने इस नेटवर्क की गहन जांच शुरू की।
जांच के दौरान पुलिस ने तकनीकी विश्लेषण और लगातार प्रयासों के माध्यम से तस्करी नेटवर्क के बैकवर्ड लिंक स्थापित किए। इसी कड़ी में अब शुभम डारकाल की गिरफ्तारी की गई है, जो इस नेटवर्क का सक्रिय हिस्सा पाया गया।
इससे पहले जांच में यह भी सामने आया था कि चिडगांव निवासी विजेंद्र सिंह उर्फ छोटू इस नेटवर्क का प्रमुख डिस्ट्रीब्यूटर था, जबकि गिरोह का सरगना हरदीप सिंह, निवासी फिरोजपुर (पंजाब) है। हरदीप सिंह के बैंक खाते के विश्लेषण से पिछले सात महीनों में करीब ₹28 लाख के लेन-देन का खुलासा हुआ है, जिसमें जशनदीप सहित कई अन्य लोगों की संलिप्तता सामने आई है।
अब तक इस मामले में कुल 8 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है, जिनमें से 3 आरोपी पंजाब के मोगा और फिरोजपुर जिलों से संबंधित हैं।
पुलिस सभी आरोपियों को नियमानुसार न्यायालय में पेश कर रही है और मामले की गहन जांच जारी है।



