
भोपाल में शानदार प्रदर्शन के बाद इंटरनेशनल ट्रायल्स की ओर बढ़े कदम
दिसंबर 2025 में भोपाल में आयोजित 68वीं राष्ट्रीय शूटिंग चैंपियनशिप में देवांशी ने 600 में से 596.5 अंक हासिल कर नेशनल प्रतियोगिता के लिए क्वालीफाई किया है । इस शानदार प्रदर्शन के आधार पर उन्होंने टीम इंडिया के इंटरनेशनल ट्रायल्स में भी जगह बनाई है, जहां अब वह देश का प्रतिनिधित्व करने की तैयारी में हैं।
IBEX NEWS,शिमला
“इरादे मजबूत हों तो हालात भी झुक जाते हैं”—इस जज्बे को साकार किया है युवा निशानेबाज देवांशी सिंह ने। पैर में फ्रैक्चर जैसी गंभीर चोट के बावजूद देवांशी ने 50 मीटर प्रोन राइफल स्पर्धा में जूनियर और सीनियर दोनों वर्गों में स्वर्ण पदक जीतकर एक मिसाल कायम की है।


तारा हॉल स्कूल की 11वीं (नॉन-मेडिकल) की छात्रा देवांशी का यह प्रदर्शन न केवल उनकी प्रतिभा, बल्कि उनके मजबूत मनोबल और अनुशासन को भी दर्शाता है। दर्द को नजरअंदाज करते हुए प्रतियोगिता में उतरना और फिर शीर्ष स्थान हासिल करना उनकी असाधारण दृढ़ता को दर्शाता है।

देवांशी ने 50 मीटर प्रोन राइफल स्पर्धा के जूनियर और सीनियर दोनों वर्गों में स्वर्ण पदक जीतकर अपना दबदबा साबित किया। उनका अचूक निशाना और आत्मविश्वास इस उपलब्धि के पीछे सबसे बड़ी ताकत रहा।

देवांशी का ट्रैक रिकॉर्ड भी शानदार रहा है। वर्ष 2025 में जिला शिमला स्तर पर उन्होंने 10 मीटर राइफल स्पर्धा में एक स्वर्ण और एक रजत पदक जीता था। वहीं राज्य स्तर पर 50 मीटर प्रोन राइफल में स्वर्ण और 20 मीटर राइफल में रजत पदक हासिल कर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया।
भोपाल में रिकॉर्ड प्रदर्शन, इंटरनेशनल ट्रायल्स का रास्ता
दिसंबर 2025 में भोपाल में आयोजित 68वीं राष्ट्रीय शूटिंग चैंपियनशिप में देवांशी ने 600 में से 596.5 अंक हासिल कर नेशनल प्रतियोगिता के लिए क्वालीफाई किया है । इस शानदार प्रदर्शन के आधार पर उन्होंने टीम इंडिया के इंटरनेशनल ट्रायल्स में भी जगह बनाई है, जहां अब वह देश का प्रतिनिधित्व करने की तैयारी में हैं।
हिमाचल पुलिस शूटिंग क्लब की बेटियों का जलवा
देवांशी के साथ-साथ जिला सिरमौर के धौलाकुआं स्थित हिमाचल पुलिस शूटिंग क्लब की महिला शूटरों के साथ धमाल मचा चुकी है ।देवांशीं ने भी अन्य तीन बेटियों के साथ राष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है।
भोपाल में आयोजित प्रतियोगिता में क्लब की चार खिलाड़ियों ने अपने-अपने वर्ग में शानदार स्कोर कर आईएसएसएफ रिनाऊंड शॉट कैटेगरी के लिए क्वालीफाई किया—
- मीनाक्षी शर्मा – 10 मीटर एयर राइफल (जूनियर) – 587.7/600
- देवांशी सिंह – 50 मीटर प्रोन (यूथ) – 596.5/600
- ओजस्विनी सिंह – 10 मीटर एयर राइफल (सब-यूथ) – 586.9/600
- रीता देवी – 50 मीटर प्रोन (महिला वर्ग) – 586/600
इस उपलब्धि ने न केवल पुलिस विभाग बल्कि पूरे हिमाचल प्रदेश का नाम रोशन किया है।

फ्रैक्चर जैसी स्थिति में भी डबल गोल्ड जीतना और राष्ट्रीय स्तर पर शानदार स्कोर करना यह दर्शाता है कि जीत सिर्फ प्रतिभा से नहीं, बल्कि जज्बे और समर्पण से मिलती है।जब लक्ष्य बड़ा हो, तो दर्द छोटा पड़ जाता है—और यही चैंपियन की असली पहचान है।



