
बैकवर्ड लिंकज पर फोकस से NDPS नेटवर्क पर चोट, डेढ़ महीने में 10 आरोपी गिरफ्तार
IBEX NEWS,शिमला, 23 मार्च 2026।
मादक पदार्थ तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत शिमला पुलिस ने एक बार फिर बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस थाना ठियोग ने चिट्टा तस्करी के मामले में बैकवर्ड लिंकज पर काम करते हुए सप्लाई चेन के मुख्य स्रोत तक पहुंच बनाई और पंजाब निवासी मुख्य सप्लायर को हरियाणा से गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस के अनुसार, मुकदमा संख्या 06/26, दिनांक 08 जनवरी 2026, धारा 21 और 29 एनडी&पीएस एक्ट के तहत दर्ज किया गया था। इस मामले में नियमित गश्त और नाका चेकिंग के दौरान ठियोग बाईपास के पास पुलिस टीम ने करीब 10 ग्राम चिट्टा/हेरोइन सहित चार आरोपियों को गिरफ्तार किया था। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अमन वर्मा (37), संजीव कुमार (35), रोहित कुमार (33) और निखिल (33) के रूप में हुई थी। सभी आरोपी ठियोग क्षेत्र के रहने वाले हैं।
अन्वेषण के दौरान आरोपियों से पूछताछ और तकनीकी साक्ष्यों के विश्लेषण के आधार पर पुलिस ने इस खेप की बैकवर्ड लिंकज, यानी आपूर्ति श्रृंखला के स्रोत, का पता लगाया। जांच में सामने आया कि इस नेटवर्क का मुख्य सप्लायर पंजाब से जुड़ा हुआ है। इसी कड़ी में पुलिस ने 23 मार्च 2026 को सन्नी राठौर (48) पुत्र श्री काला सिंह, निवासी अबोहर, जिला फाजिल्का, पंजाब, को हरियाणा से नियमानुसार गिरफ्तार कर लिया। आरोपी को धारा 29 एनडी&पीएस एक्ट के तहत गिरफ्तार किया गया है और उसे न्यायालय में पेश किया जा रहा है।
पुलिस का कहना है कि अब कार्रवाई केवल ड्रग्स बरामद करने तक सीमित नहीं रही, बल्कि सप्लाई चेन के मूल स्रोत तक पहुंचकर पूरे नेटवर्क को ध्वस्त करने पर विशेष जोर दिया जा रहा है। यही कारण है कि वर्ष 2025 में बैकवर्ड लिंकज के तहत केवल 1 आरोपी गिरफ्तार हुआ था, जबकि वर्ष 2026 में पिछले डेढ़ महीने में ही 10 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है।
यह आंकड़ा साफ दिखाता है कि शिमला पुलिस अब नशे के अवैध कारोबार पर सतही नहीं, बल्कि जड़ पर चोट कर रही है। पुलिस की यह रणनीति तस्करी के नेटवर्क, सप्लायर चैन और अंतरराज्यीय कनेक्शन को तोड़ने की दिशा में प्रभावी साबित हो रही है।
शिमला पुलिस ने स्पष्ट किया है कि मादक पदार्थों के खिलाफ यह विशेष अभियान आगे भी इसी सख्ती से जारी रहेगा और समाज को नशामुक्त बनाने के लिए पुलिस हर स्तर पर प्रभावी कार्रवाई करती रहेगी।



